अवैध खनन, परिवहन और भंडारण पर जीरो टॉलरेंस:खनिज नियमों के उल्लंघन पर कठोर कार्रवाई कलेक्टर ने दिए निर्देश
सीधी
खनिज के अवैध उत्खनन, परिवहन एवं भंडारण पर प्रभावी रोकथाम सुनिश्चित करने के उद्देश्य से कलेक्टर स्वरोचिष सोमवंशी तथा पुलिस अधीक्षक संतोष कोरी की उपस्थिति में जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत शैलेन्द्र सिंह सोलंकी, अपर कलेक्टर बीपी पाण्डेय, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अरविंद श्रीवास्तव, उपसंचालक संजय टाइगर रिजर्व राजेश कन्ना टी, एसडीएम सिहावल प्रिया पाठक, क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी आशुतोष सिंह, जिला खनिज अधिकारी कपिल मुनि शुक्ला, उपवनमंडलाधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
बैठक में कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि खनिज, पुलिस, सोन घड़ियाल एवं राजस्व विभाग संयुक्त रूप से संवेदनशील एवं चिन्हित क्षेत्रों में सतत जांच एवं निरीक्षण करें। अवैध उत्खनन, परिवहन एवं भंडारण में संलिप्त आदतन उल्लंघनकर्ताओं के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता के अंतर्गत सख्त प्रतिबंधात्मक एवं दंडात्मक कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। इस संबंध में सभी एसडीएम को प्रभावी निगरानी एवं त्वरित कार्यवाही के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने निर्देशित किया कि सभी अनधिकृत उत्खनन, परिवहन एवं भंडारण में प्रयुक्त वाहनों, बिना नंबर प्लेट के खनिज परिवहन कर रहे वाहनों तथा कृषि कार्य हेतु पंजीकृत ट्रैक्टरों द्वारा खनिज परिवहन किए जाने पर संबंधित वाहन स्वामियों के विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम के तहत कठोर कार्यवाही की जाए। बघवार एवं कोष्टा कोठार क्षेत्रों में खनिज विभाग द्वारा स्थापित सीसीटीवी कैमरों के डेटा के आधार पर अवैध परिवहन में संलिप्त वाहनों की पहचान कर उनके विरुद्ध तत्काल कार्यवाही करने के निर्देश भी दिए गए।
इसके अतिरिक्त बिना कवर हाइवा के माध्यम से फ्लाई ऐश परिवहन पर नियमानुसार सख्त कार्यवाही करने तथा सिंगरौली जिले में संचालित पावर प्लांटों से हो रहे फ्लाई ऐश परिवहन के मामलों में आवश्यक कार्यवाही हेतु आयुक्त को पत्र प्रेषित करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में जिला खनिज अधिकारी द्वारा अवगत कराया गया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में जिले में विभिन्न खनिजों के अवैध उत्खनन, परिवहन एवं भंडारण के विरुद्ध अब तक कुल 118 प्रकरण दर्ज किए गए हैं। इन प्रकरणों के माध्यम से लगभग 75 लाख रुपये का अर्थदंड वसूल कर शासकीय कोष में जमा कराया गया है। साथ ही प्रेजेंटेशन के माध्यम से जिले के अवैध उत्खनन स्थलों, संभावित अवैध परिवहन मार्गों तथा सीमावर्ती जिलों की रेत खदानों से जुड़े सीधी जिले के ग्रामों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की गई।
बैठक में स्पष्ट किया गया कि जिले में अवैध खनन गतिविधियों पर पूर्णतः रोक लगाने के लिए सभी संबंधित विभाग समन्वय के साथ कार्य करेंगे और नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध किसी भी स्तर पर ढिलाई नहीं बरती जाएगी।

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